this one is for u mom...
जब ज़िंदगी शुरू भी नहीं हुई थी ,तब भी जब जिंदगी जीना सीखा मैं,तब भी जब जिंदगी के परेशानियों से दो दो हाथ हुआ तब भी जब जिंदगी के कठिनाइयों से परेशान हुआ तब भी सर पर आपका ही हाथ था, जिंदगी में आपका ही साथ था,...मेरी माँ ......... जब जिंदगी में टूट के चार हु मैं तब भी जब ज्यादा ख़ुशी से पार हुआ मैं तब भी जब पढ़ते पढ़ते दिन रात एक किया मैं तब भी जब बिमारी से दिन रात एक किया मैं,तब भी आपने ही संभाला,सिखाया आपने ही अपने पास सुलाया, मेरी माँ ...... लगता है की बहुत खुश है भगवान् मुझसे इसीलिए इतनी अच्छी किस्मत मिली मुझे उससे और ऐसी किस्मत में आपको पाकर ,मेरी माँ किस्मत को तकदीर बनवाया मैंने उससे लेकिन मुझे डर लगता है ऐसी किस्मत से की इसकी क्या कीमत भगवन लेगा मुझसे हे भगवान् !! जो चाहो माँग लेना मुझसे, बस मेरी माँ को मत छीनना मुझसे